मित्र

मित्र
होता है एक अहसास
ऐसी सुरक्षा जो पुरसकून है
और आरामदेह भी

मित्र
होता है एक निर्बन्ध सम्वाद
नहीं करनी पड़ती शब्दों की बुनावट
बातों की स्वाभाविक बरसात

मित्र
होता है आईना
जिसके सामने कभी नहीं शर्माता कोई
और न ही बनानी पड़ती हैं
सोच / समझ की मुद्रायें
होता है नि:संकोच सजना-सँवरना

मित्र
होता है कड़ी धूप में ठंडी छाँव
अपरिचय के सागर में डूबते की सोच में
परिचय का गाँव

मित्र
होता है अज्ञात के कौतुक समन्दर में
साथ-साथ डूबने-उतराने वाला
अपने ही अनुभवों और ज्ञान की बैक-फाईल

मित्र
होता है मरण भी
कर देता अलग सबसे
वैसे जीने के लिये
बहुत कुछ सिखा सकता है मरना

मित्र
अफसोस! मरने के बाद
कहाँ हो पाता है जीना
मित्र के छूट जाने पर
मित्र के रूठ जाने पर
सिकुड़ जाता है
बड़े-बड़े हौसलों का सीना

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